कड़कनाथ अंडे एवं मांस की विशेषता

कड़कनाथ भारत में पायी जाने वाली कुक्कुट की एक प्रजाति है। यह मुख्यतः मध्यप्रदेश के झाबुआ जिले में पाई जाती है जिसे उसके मांस के लिए मुख्यरूप से जाना जाता है। उसके काले मांस की वजह से ही इसे कालामासी के नाम से भी जाना जाता है। झाबुआ में आदिवासी] जनजातीय तथा ग्रामीण वर्ग के लोग पवित्र पक्षी मानते है और इसे पालतें है। इसके मांस की मांग हमारे देश में ही नही बल्कि विदेशों में भी है। इसलिए इसका मूल्य अन्य कुक्कुट की तुलना में दोगुने से भी अधिक है। इसके काल¢ स्वादिष्ट मांस की वजह से इसका क्रेज बढ़ता ही जा रहा है। इसलिए कुक्कुटपालन में कड़कनाथ प्रजाति को पालना अत्याधिक लाभकारी हो सकता है।

कड़कनाथ की मुख्य विशेषताएँ –

  1. स्थानीय पर्यावरण में इसकी अनुकुलता बहुत अधिक है। 
  2. रोग प्रतिरोधक क्षमता अधिक होने के कारण इसमें रोगों का खतरा कम होता है। 
  3. मेलानिन के कारण इसका रंग मुख्यतः काला होता है। 

अंड¢ की विशेषता –

इसका अंडा भी बहुत पोषक होता है जिसमें अमीनो] एसिड भरपूर मात्रा में तथा कोलेस्ट्राल काफी कम मात्रा में होता है। 

मांस की विशेषता –

  1. इसका मांस काला एवं स्वादिष्ट होता है। 
  2. इसके मांस में प्रोटीन की मात्रा 25 प्रतिशत होती है जो अन्य प्रजाति के मांस की तुलना में काफी अधिक है। 
  3. इसके मांस में वसा एवं कोलेस्ट्राल तुलनात्मक रूप से कम होता है। 
  4. इसके मांस में आवश्यक अमीनो एसिड] विटामिन] कैल्सियम] फास्फोरस] आयरन इत्यादि प्रचुर मात्रा में होते है। 

औषधीय गुण –

  1. इसका उपयोग होम्योपैथी के रूप में किया जाता है। 
  2. इसके रक्त का प्रयोग पुरानी बीमारी के इलाज में किया जाता है। 
  3. इसके मांस का उपयोग कामोत्तेजक के रूप में किया जाता है।