दूध में उपस्थित पोषक तत्व एवं उनका महत्व  

दूध में शरीर की वृद्धि एवं विकास के लिए सभी आवश्यक पोषक तत्त्व पाये जाते हैं यह नवजातों का एक मात्र भोजन है अतः दूध एक लगभग पूर्ण भोजन है जिसमें सभी पोषक तत्व जैसे वसा, कार्बोहाईइड्रेट, प्रोटीन, एन्जाईम, खनिज तत्व तथा विटामिन आदि उपस्थित होते हैं । मानव शिशु के लिए अपनी माँ का दूध सवोंत्तम एवं आदर्श भोजन है । परन्तु आवश्यकता होने पर उसे गाय बकरी या भैंस का दूध भी दिया जा सकता है । दूध में उपस्थित पोषक तत्व निम्नुसार है ।

पोषक तत्वमात्रा  (प्रति 100 G) 
पानी85.12 g
प्रोटीन3-4 g
कार्बोहाइड्रेट4-5 g
कुल फैट (lipid)3.5-6.0 g
शुगर4-5 g 
कैल्शियम123 mg
मैग्नीशियम12 mg
फास्फोरस101 mg
पोटैशियम150 mg
सोडियम38 mg
जिंक0.41 mg
कॉपर0.001 mg
सैलेनियम1.9 µg
थियामिन0.056 mg
राइबोफ्लेविन0.138 mg
नियासिन0.105 mg
पैंटोथेनिक एसिड0.043 mg
विटामिन-बी-60.061 mg
कोलिन17.8 mg
विटामिन-बी120.54 µg
विटामिन -ए32 µg
रेटिनॉल31 µg
कैरॉटीन, बीटा7 µg
विटामिन-ई0.05 mg
विटामिन-डी1.1 µg
विटामिन-के0.3 µg
फैटी एसिड, टोटल सैचुरेटेड1.86 g
फैटी एसिड, टोटल मोनोअनसैचुरेटेड0.688 g
फैटी एसिड, टोटल पॉलीअनसैचुरेटेड0.108 g
कोलेस्टेरॉल12 mg

दूध के फायदे : दूध स्वास्थ्य को अनेक लाभ दे सकता है। क्या हैं दूध के लाभ इन्हें विस्तार से हम नीचे बता रहे हैं। बस ध्यान दें कि दूध के गुण बीमारी को ठीक करने में नहीं, बल्कि स्वस्थ रहने और बीमारियों से बचाव में मदद कर सकते हैं। चलिए, जानते हैं कि दूध पीने से क्या फायदा होता है।

1. मजबूत हड्डियां और मांसपेशियों के लिए दूध के लाभ

दूध पीने के फायदे में हड्डी और मजपेशियों को मजबूती देना शामिल है। दूध और अन्य डेयरी उत्पाद कैल्शियम व मैग्नीशियम के महत्वपूर्ण स्रोत होते हैं। यह दोनों पोषक तत्व हड्डियों के विकास के लिए जरूरी माने गए हैं। बच्चों व युवाओं के साथ ही व्यस्कों के हड्डी स्वास्थ्य के लिए भी दूध अच्छा विकल्प है। दूध हड्डियों को मजबूत बनाकर बढ़ती उम्र में ऑस्टियोपोरोसिस (हड्डी का एक प्रकार रोग) और फ्रैक्चर से बचाव में मदद कर सकता है। 

इसके अलावा, दूध में प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट भी काफी मात्रा में होता है, जिसे मांसपेशिओं के अच्छा माना जाता है। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन) की वेबसाइट पर मौजूद एक शोध में जिक्र है कि दूध थाई मसल्स को मजबूत करने में मदद कर सकता है । एक अन्य अध्ययन में कहा गया है कि दूध प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, कैल्शियम और अन्य पोषक तत्वों का एक स्रोत है, जिस वजह से यह सीरम अमीनो एसिड कनसन्ट्रेशन में वृद्धि करता है। इससे मांसपेशियां को हुई क्षति की मरम्मत यानी रिपयेर प्रक्रिया में मदद मिलती है। दूध के सेवन के सकारात्मक प्रभाव मांसपेशियों के फंक्शन को बेहतर करने और रिपयेर करने में भी पाए गए हैं । साथ ही दूध में कैसिइन (casein) और वे प्रोटीन (whey protein) दोनों ही हाई क्वालिटी प्रोटीन होते हैं। ये मांसपेशियों के निर्माण करने में मदद करने के साथ-साथ मांसपेशियों के नुकसान से भी बचाव कर सकता है।

2. वजन कम करने के लिए दूध

दूध बढ़ते वजन को कम करने में मददगार साबित हो सकता है। एक रिसर्च के मुताबिक, डेयरी का सेवन करने वाले 38% बच्चों का वजन इसका सेवन कम करने वालों के मुकाबले नियंत्रित था। दरअसल, दूध और डेयरी उत्पाद प्रोटीन के अच्छे स्रोत हैं और प्रोटीन वजन घटाने व नियंत्रण करने में सहायक  होता है। इसकी मदद से भोजन के बाद भी बार-बार होने वाली खाने की इच्छा को कम करके एनर्जी की खपत को रोकता है, जिससे शरीर में फेट कम हो सकता है । इसके अलावा दूध व डेयरी प्रोडक्ट में कॉन्जुगेटेड लिनोलेइक एसिड (सीएलए) होता है, जिसमें वजन व चर्बी कम करने वाला एंटी-ओबेसिटी गुण होता है । लेकिन, इस बात का ध्यान रखना जरूरी है कि दूध प्रोटीन के साथ-साथ वसा का भी अच्छा स्रोत है। ऐसे में दूध के सेवन के साथ-साथ नियमित तौर पर व्यायाम करना भी आवश्यक है।

3. हार्ट हेल्थ

रोजाना दूध पीने के फायदे में हृदय स्वास्थ्य भी शामिल है। इसके नियमित सेवन से ह्रदय संबंधित बिमारियों से बचाव में मदद मिल सकती है । एक स्टडी के मुताबिक, रोजाना 200 ml दूध पीने वाले लोगोंं में स्ट्रोक का 7 प्रतिशत जोखिम कम होता है । एनसीबीआई की वेबसाइट पर मौजूद एक रिसर्च की मानें, तो दूध पीने से इस्केमिक हृदय रोग और इस्केमिक स्ट्रोक (ब्लड क्लोट होने की वजह से आने वाला स्ट्रोक) के जोखिम को कम किया जा सकता है । हालांकि, ध्यान रहे कि ह्रदय रोग के मरीज के लिए लो फैट मिल्क या टोंड मिल्क का सेवन फायदेमंद हो सकता है।

4. अच्छी नींद के लिए दूध

दूध के लाभ में रात को अच्छी नींद को बढ़ावा देना भी शामिल है। कई अध्ययनों में यह बात साबित हुई है कि रात को सोने से पहले दूध पीने से नींद अच्छी आती है। दूध में एमिनो एसिड ट्राइटोफन और मेलाटोनिन होता है, जो नींद लाने में मदद कर सकता है। रात में नींद न आने, बेचैनी या नींद बीच में टूट जाने की समस्या है, तो रोजाना रात को सोने से पहले नॉर्मल या गर्म दूध का सेवन किया जा सकता है

5. स्ट्रेस व डिप्रेशन

मिल्क के फायदे में स्ट्रेस व डिप्रेशन से बचाव भी शामिल है। रिसर्च में भी यह बात सामने आई है कि न्यूट्रिशन की कमी की वजह से होने वाली दिमाग संबंधी परेशानी में दूध मददगार साबित हो सकता है। दरअसल, दूध में उच्च गुणवत्ता वाला प्रोटीन (अमीनो एसिड) होता है। मस्तिष्क में कई न्यूरोट्रांसमीटर अमीनो एसिड से ही बने होते हैं, जो मस्तिष्क के कामकाज और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित करते हैं। इसकी कमी होने पर गुस्सा आना, मूड खराब होना, स्ट्रेस व डिप्रेशन हो सकता है। इसी वजह से दूध में मौजूद प्रोटीन को स्ट्रेस व डिप्रेशन से राहत पाने के लिए अच्छा माना जाता है । एक अन्य शोध में भी कहा गया है कि रात को दूध पीने से चिंता संबंधी विकारों को कम किया जा सकता है ।